अंतरिक्ष में मिर्च खेती: NASA ने ISS पर उगाई तैयार फसल

अंतरिक्ष में मिर्च खेती: NASA ने ISS पर उगाई तैयार फसल जून, 10 2026

कल्पना कीजिए कि आप पृथ्वी से 400 किलोमीटर ऊपर हैं, जहां गुरुत्वाकर्षण लगभग शून्य है। वहां आपको ताजी, हरी और थोड़ी तीखी मिर्च मिल रही है। यह कोई साइंस फिक्शन फिल्म का दृश्य नहीं, बल्कि National Aeronautics and Space Administration (NASA) द्वारा Plant Habitat-04International Space Station पर किया गया एक वास्तविक और सफल प्रयोग है। जब Shane Kimbrough, अंतरिक्ष यात्री और उनके साथियों ने 29 अक्टूबर 2021 को पहली बार इन मिर्चों को तोड़ा, तो यह सिर्फ एक खेती की उपलब्धि नहीं थी—यह मानवता के लिए दीर्घकालिक अंतरिक्ष यात्राओं में ताजा भोजन उपलब्ध कराने की दिशा में एक विशाल कदम था।

अंतरिक्ष में 'हैच चिली' की खेती कैसे हुई?

आमतौर पर हम सोचते हैं कि अंतरिक्ष में केवल सूखे या डिहाइड्रेटेड भोजन ही खाया जाता है। लेकिन स्थिति बदल रही है। इस प्रयोग का मुख्य उद्देश्य यह देखना था कि क्या लंबे समय तक चलने वाली फसलें (जिनमें फूल और फल दोनों आते हैं) माइक्रोग्रैविटी में उगाई जा सकती हैं। इसके लिए NASA ने New Mexico State University के Chile Pepper Institute के सहयोग से एक विशेष किस्म चुनी: "NuMex Española Improved"। इसे आम भाषा में "Hatch chile pepper" कहा जाता है। वैज्ञानिकों ने महीनों तक कई किस्मों का अध्ययन किया क्योंकि उन्हें ऐसी मिर्च चाहिए थी जो न केवल तेजी से उगे, बल्कि स्वादिष्ट भी हो।

ये बीज और उपकरण SpaceX के Dragon क्रेट यान के जरिए पृथ्वी से Kennedy Space Center से लॉन्च किए गए थे। अंतरिक्ष स्टेशन पहुंचकर, अंतरिक्ष यात्रियों ने Advanced Plant Habitat (APH) नामक एक उन्नत ग्रोथ चैंबर सक्रिय किया। यह चैंबर एक छोटा सा स्टील और एल्यूमीनियम का संरचनात्मक बक्स है जिसमें LED लाइट्स, सेंसर और कंप्यूटर नियंत्रित सिंचाई प्रणाली होती है। यह प्रणाली तापमान, नमी, कार्बन डाइऑक्साइड और पोषक तत्वों को सटीक रूप से नियंत्रित करती है, ताकि पौधों को पृथ्वी जैसे परिस्थितियों में रहने का अनुभव हो।

अंतरिक्ष यात्रियों की भूमिका और चुनौतियां

यह काम आसान नहीं था। गुरुत्वाकर्षण के अभाव में पानी की बूंदें नीचे नहीं गिरतीं, बल्कि तैरती रहती हैं। इसलिए, जड़ों तक पानी और पोषक तत्व पहुंचाना एक बड़ी चुनौती थी। Megan McArthur, Mark Vande Hei और Thomas Pesquet सहित Expedition 65 और 66 के दल ने पौधों की निगरानी की। उन्होंने रोजाना पौधों की ऊंचाई, पत्तियों के रंग और विकास दर को रिकॉर्ड किया। वे पौधों को पानी देते, फूलों और फलों के चरणों की तस्वीरें लेते और डेटा पृथ्वी पर भेजते रहे।

एक दिलचस्प बात यह है कि पौधों को दिशा का पता लगाने में भी मुश्किल होती है। पृथ्वी पर जड़ें नीचे की ओर बढ़ती हैं (ग्रेविट्रोपिज्म), लेकिन अंतरिक्ष में यह संकेत नहीं होता। इसलिए, APH में प्रकाश की दिशा का उपयोग करके पौधों को ऊपर की ओर बढ़ने में मदद की गई। वैज्ञानिकों ने देखा कि पौधों ने इस अनुकूलन को बेहतरीन तरीके से किया।

स्वाद परीक्षण: अंतरिक्ष में टैको नाश्ता

स्वाद परीक्षण: अंतरिक्ष में टैको नाश्ता

29 अक्टूबर 2021 को, जब पहली फसल तैयार हुई, तो अंतरिक्ष यात्रियों ने उसे काटा। कुछ नमूनों को वैज्ञानिक विश्लेषण के लिए सुरक्षित रखा गया, लेकिन अधिकांश का उपयोग भोजन में किया गया। अंतरिक्ष यात्रियों ने इन ताजी मिर्चों का उपयोग करके टॉर्टिला, बीफ फाजिता और अन्य सामग्रियों के साथ टैको जैसी डिश बनाई।

शेन किम्ब्रू ने बाद में बताया कि मिर्च का स्वाद बहुत अच्छा था। उसमें वह तीखापन और ताज़गी थी जो डिहाइड्रेटेड भोजन में कभी नहीं मिलती। यह केवल भोजन के स्वाद के बारे में नहीं था; यह मनोवैज्ञानिक स्वास्थ्य के बारे में भी था। लंबी यात्राओं में, ताजे पौधों की खुशबू और स्वाद अंतरिक्ष यात्रियों के मूड को सुधारने और तनाव कम करने में मदद करता है। दूसरी फसल नवंबर 2021 के अंत में काटी गई, जिससे यह पुष्टि हुई कि एक ही पौधा कई बार उत्पादन कर सकता है।

भविष्य की यात्राओं के लिए महत्व

भविष्य की यात्राओं के लिए महत्व

यह प्रयोग केवल मिर्च उगाने तक सीमित नहीं है। इसका डेटा भविष्य के चंद्रमा (Artemis कार्यक्रम) और मंगल ग्रह मिशन के लिए महत्वपूर्ण है। यदि हम मंगल जाएं, तो पृथ्वी से भोजन भेजना असंभव होगा। इसलिए, अंतरिक्ष यात्रियों को अपने भोजन को स्वयं उगाना होगा। Matt Romeyn, NASA Plant Research Scientist ने कहा कि यह प्रयोग दिखाता है कि जटिल फसलों को अंतरिक्ष में उगाया जा सकता है।

पिछले वर्षों में, NASA ने पहले सलाद पत्तियां (Veggie प्रयोग, 2015), फिर गुलाब और राדיश उगाए थे। लेकिन मिर्च एक फूलने वाली और फल देने वाली फसल है, जिसका जीवन चक्र अधिक जटिल है। इसकी सफलता ने यह साबित किया कि हम अंतरिक्ष में विविध आहार उगा सकते हैं। अब, वैज्ञानिक ऐसे सिस्टम विकसित कर रहे हैं जो ऑक्सीजन, पानी और भोजन को पुनः चक्रित कर सकें, जिससे अंतरिक्ष में रहना अधिक टिकाऊ बन सके।

Frequently Asked Questions

अंतरिक्ष में मिर्च क्यों उगाई गई?

मिर्च उगाने का मुख्य उद्देश्य यह देखना था कि क्या फूलने वाली और फल देने वाली जटिल फसलें माइक्रोग्रैविटी में उगाई जा सकती हैं। इसके अलावा, ताजा भोजन अंतरिक्ष यात्रियों के मनोवैज्ञानिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाने और भोजन में विविधता लाने में मदद करता है।

क्या अंतरिक्ष में उगाई गई मिर्च का स्वाद अलग था?

अंतरिक्ष यात्रियों ने रिपोर्ट किया कि मिर्च का स्वाद अच्छा था और उसमें अपेक्षित तीखापन मौजूद था। हालांकि, कुछ अध्ययनों से पता चला है कि अंतरिक्ष में उगाई गई कुछ सब्जियों में कैप्साइसिन (तीखापन पैदा करने वाला तत्व) की मात्रा थोड़ी कम हो सकती है, लेकिन इस प्रयोग में यह समस्या महत्वपूर्ण नहीं पाई गई।

इस प्रयोग के लिए किस तकनीक का उपयोग हुआ?

इस प्रयोग के लिए Advanced Plant Habitat (APH) नामक एक स्वचालित ग्रोथ चैंबर का उपयोग किया गया। इसमें LED लाइट्स, सेंसर और कंप्यूटर नियंत्रित सिंचाई प्रणाली शामिल थी, जो तापमान, नमी और पोषक तत्वों को सटीक रूप से नियंत्रित करती थी।

कौन से अंतरिक्ष यात्रियों ने इस प्रयोग में हिस्सा लिया?

Expedition 65 और 66 के दल के सदस्यों, जैसे Shane Kimbrough, Megan McArthur, Mark Vande Hei और Thomas Pesquet ने इस प्रयोग में पौधों की देखभाल, डेटा संग्रह और फसल कटाई में सक्रिय भूमिका निभाई।

क्या यह प्रयोग भविष्य के मंगल मिशन के लिए उपयोगी है?

हाँ, यह प्रयोग भविष्य के दीर्घकालिक मिशन, जैसे चंद्रमा और मंगल ग्रह यात्राओं के लिए महत्वपूर्ण है। यह दिखाता है कि अंतरिक्ष यात्री अपने भोजन को स्वयं उगा सकते हैं, जिससे पृथ्वी पर निर्भरता कम होगी और यात्रा अधिक टिकाऊ बनेगी।